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गंभीर बोले- जीत द्रविड़-लक्ष्मण को समर्पित:संजू ने कहा-सचिन की सलाह काम आई; सूर्या ने बुमराह को राष्ट्रीय धरोहर बताया
भारत ने टी-20 वर्ल्ड कप के फाइनल में न्यूजीलैंड को 96 रन से हराया। टीम तीसरी बार टी-20 में वर्ल्ड चैंपियन बनी। फ़ायल में तेज़ गेंदबाज़ों ने चार विकेट लिए और उन्हें प्लेयर ऑफ़ द मैच चुना गया। टूर्नामेंट के आखिरी तीन मैचों में शानदार प्रदर्शन के कारण सैमसन को प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट चुना गया। इसमें इंग्लैंड के खिलाफ फाइनल और न्यूजीलैंड के खिलाफ फाइनल की अहम पारियां शामिल हैं। उन्होंने टूर्नामेंट के 5 मैचों में 321 रन बनाए। संजय सैमसन ने टी-20 वर्ल्ड कप में अपने शानदार प्रदर्शन का श्रेय सचिन तेंदुलकर से हुई बातचीत को दिया। वहीं, कैप्टन सूर्या ने नेशनल खलील को बताया। सैमसन- दो महीने से सचिन सर के संपर्क में सैमसन ने कहा, जब मैं ऑस्ट्रेलिया में टी-20 सीरीज के दौरान बाहर था और जोखिम का मौका नहीं मिल रहा था, तब मैंने सोचा कि मुझे किस तरह की मानसिक नजर रखनी चाहिए। पिछले दो महीनों से मेरी सचिन सर से लगातार बात हो रही थी। मैंने संपर्क किया और लंबी बातचीत की। आपके मार्गदर्शन की नियुक्ति बहुत बड़ी बात है। मैच से पहले भी उन्होंने फोन करके पूछा कि मुझे कैसा लग रहा है। आपकी मिली सलाह, तैयारी और खेल को समझने की बात मेरे लिए बहुत मददगार रही। न्यूजीलैंड सीरीज के खिलाफ हार के बाद संजू सैमसन ने कहा कि न्यूजीलैंड की घरेलू टी-20 सीरीज को उनके लिए हासिल करना बेहद मुश्किल है। उस सीरीज में वे पांच पारियों में सिर्फ 46 रन बनाए थे और बाद में प्लेइंग इलेवन से भी बाहर हो गए थे। इसके बाद सुपर-8 स्टेज में उन्हें फिर मौका मिला और उन्होंने लगातार तीन अहम मैचों में 97, 89 और 89 रन की पारियां खेलीं। टूर्नामेंट में उन्होंने पांच मैचों में 321 रन बनाए, जो प्रतियोगिता में तीसरा सबसे बड़ा स्कोर रहा। उनका स्ट्राइक रेट 199.37 रहा। सैमसन ने कहा, न्यूजीलैंड सीरीज के बाद मैं पूरी तरह से टूट गया था। मुझे लगा कि मेरा सपना ख़त्म हो गया है। लेकिन शायद भगवान की अलग योजना थी। अहम् मैच में मुझे मौका मिला और मैंने देश के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ देने की कोशिश की। 2024 के बाद से ही तैयारी शुरू कर दी थी सैमसन ने कहा कि उनकी तैयारी 2024 टी-20 वर्ल्ड कप की शुरुआत का समय ही हो गया था। उस टूर्नामेंट में वह टीम का हिस्सा थे, लेकिन उन्हें एक भी मैच का मौका नहीं मिला। सैमसन ने कहा, तब से मैं लगातार सोचता रहा और मेहनत करता रहा कि मुझे क्या हासिल हो रहा है। बेहोशी में जो हुआ, जिसे मैं तब देख रहा था और उसका काम कर रहा था। उन्होंने कहा कि अभी यह सब कोई सपना देख रहा है और वह इस पल का आनंद लेना चाहते हैं। भविष्य के लक्ष्य के बारे में स्टॉकहोम में सैमसन ने कहा कि अभी वह इस उपलब्धि का आनंद लेना चाहते हैं और कुछ दिन बाद आगे के बारे में सोचेंगे। सूर्या बोले- सुपरस्टार जैसे मशहूर हस्तियों में एक बार पैदा होते हैं फाइनल के बाद भारतीय कप्तान सूर्यकुमार यादव ने तेज गेंदबाज खिलाड़ियों की धूम मचाई और उन्हें नेशनल स्टेडियम बताया। सूर्यकुमार ने कहा कि कलाकार जैसे कलाकार एक बार ही पैदा होते हैं और वह जानते हैं कि बड़े मुकाबलों में कैसे काम करना है। सूर्यकुमार ने कहा, "एक पीढ़ी में एक बार मिलने वाले कलाकार हैं।" उन्हें पता है कि ऐसे शॉपकीप पर कैसे ऑनलाइन आवेदन करना है। वे अपने काम में सर्वश्रेष्ठ हैं। 2024 विश्व कप के शुरू होने के बाद सूर्यकुमार ने बताया कि यह खिताब जीतने के पीछे पिछले दो साल की कड़ी मेहनत है। उन्होंने कहा कि 2024 विश्व कप के बाद टीम की नई शुरुआत हुई और उन्हें वैज्ञानिक की जिम्मेदारी दी गई। उन्होंने कहा, यह यात्रा वाहन चल रहा है। 2024 वर्ल्ड कप के बाद जय शाह और रोहित भाई ने मुझ पर भरोसा किया और विश्व कप की जिम्मेदारी दी। वहां से हमने लगातार मेहनत की और आज यहां ट्रॉफी जीतना बेहद खुशी की बात है। खिलाड़ियों ने दिखाया कि भरोसेमंद भारतीय कैप्टन ने टीम के खिलाड़ियों की भी ताकत दिखाई और कहा कि सभी ने पिछले दो साल में अच्छा क्रिकेट खेला है। उन्होंने कहा, हम पिछले दो साल से लगातार अच्छा क्रिकेट खेल रहे हैं। हमने वही अच्छी आदतें जारी कीं जो 2024 वर्ल्ड कप में अपनी थीं और खिलाड़ियों ने उन्हें बहुत अच्छे से जोड़ा। सोशल मीडिया नहीं, टीम के प्रति जिम्मेदारी-गौतम गंभीर गौतम सीरियस ने टी-20 वर्ल्ड कप जीतने के बाद कहा कि एक कोच के विशेष तौर पर उनके समूह सोशल मीडिया पर लोगों के प्रति नहीं बल्कि लीडरशिप रूम में 30 खिलाड़ी और सहयोगी स्टाफ मौजूद हैं। मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में सीरियस ने कहा, 'मेरी सोशल मीडिया लोगों के प्रति नहीं है। मेरे क्लासरूम स्टूडियो रूम में 30 लोगों के प्रति मौजूद हैं। एक कोच की टीम अच्छी होती है जबकि उसकी टीम अच्छी होती है। खिलाड़ियों ने ही मुझे वह कोच बनाया है जो मैं आज हूं।' इस ऐतिहासिक जीत का श्रेय भारत के पूर्व कोच राहुल द्रविड़ और पूर्व दिग्गज खिलाड़ी वी वर्जीनिया को दिया गया। उन्होंने कहा, 'मैं इस ट्रॉफी को राहुल भाई और वी वाल्स लक्ष्मण को समर्पित करता हूं। राहुल भाई ने भारतीय टीम को एक मजबूत दिशा दी और लक्ष्मण ने किंग्स सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में खिलाड़ियों की शानदार पाइपलाइन तैयार की। जय शाह और अजित अगरकर का भी किया गया धन्यवाद सीरियस ने चयन समिति के अध्यक्ष अजित अगरकर और एससीसी के लिए जय शाह का भी मजाक उड़ाया। उन्होंने कहा कि कठिन समय में दोनों ने अपना समर्थन दिया। सीरियस ने बताया कि जब न्यूजीलैंड और दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ टेस्ट सीरीज हार के बाद उनका समय कठिन चल रहा था, तब जय शाह ने अपनी उधेड़बुन कर अपनी बात रखी थी। फ्रैंक चैलेंज पर जोर और भारतीय कोच ने कहा कि टीम ने इस टूर्नामेंट में निडर क्रिकेट में हार के डर को पीछे छोड़ दिया। उन्होंने कहा, 'हमें हार के डर को झेलना होगा।' रक्षात्मक क्रिकेट टूर्नामेंट से बेहतर है कि हम आक्रामक खेलें। ट्रायल और फाइनल में 250 से ज्यादा रन बनाना एडवेंचर का उदाहरण है। कैप्टन सूर्यकुमार यादव की भी दमदार स्टार भारतीय कैप्टन सूर्यकुमार यादव की भी स्टारडम है। उन्होंने कहा कि सूर्यकुमार के साथ काम करना आसान है और उन्होंने टीम पर एक परिवार की तरह आरोप लगाया। वहीं, सूर्यकुमार यादव ने यह भी कहा कि वह पहले कोलकाता नाइट राइडर्स में गंभीर लोगों के लिए खेल चुके हैं और दोनों का लक्ष्य हमेशा टीम को जीतना है। उन्होंने यह भी कहा कि टीम अब 2028 लॉस एंजिलिस ओलंपिक में क्रिकेट के स्वर्ण पदक पर भी नजर रखेगी। बोलीं- घर में अनोखे सार्वभौम भारत के प्रशंसकों ने टी-20 वर्ल्ड कप जीतने के बाद कहा कि उनके घरेलू मैदान पर यह खिताब जीतना उनके लिए बहुत खास है। करीब तीन साल पहले इसी मैदान पर 2023 के पसंदीदा वर्ल्ड कप फाइनल में हार मिली थी,जिसकी कसक अब खत्म हो गई थी। उन्होंने कहा, 'यह बेहद ख़राब है। मैंने अपने घरेलू मैदान पर पहले भी एक फाइनल खेला था, लेकिन तब जीत नहीं मिली थी। आज उसी मैदान पर जीत मिली है।' हिटलर ने बताया कि पिच नाटकीय के लिए अच्छी थी, इसलिए उन्हें अनुभव का उपयोग करना पड़ा। उन्होंने कहा, 'टूर्नामेंट से पहले मुझे लग रहा था कि मैं इससे ज्यादा कोशिश कर रहा हूं।' इस बार मैंने गेम को अपने पास दिया और यह तरीका काम कर गया।' उन्होंने कहा कि रसायन के प्रयोग के कारण उन्हें अनुभव हुआ कि बहुत तेज गेंदों को बम से उड़ाने में आसानी होती है। इसलिए उन्होंने समझदारी से अकाउंट बनाया और बल्लेबाज क्या करने की कोशिश कर रहे हैं, उसी अकाउंट से योजना बनाई गई। भारतीय सलामी बल्लेबाज ने कहा कि टीम ने पूरे टूर्नामेंट में संयम बनाए रखा। उन्होंने कहा, 'हम बातचीत कर रहे हैं और हर किसी ने अपना विकल्प सामने रखा है।' किसी भी समय ढिलाई नहीं हुई। जो टीम ऐसा करती है वही टूर्नामेंट जीतती है। कोच और कैप्टन ने कहा था कि तुम ही हमें बड़ा मैच जिताओगे- अभिषेक अभिषेक शर्मा ने कहा, 'एक बात मेरे लिए साफ थी। मैं पहले भी यही कहना चाहता था, लेकिन आज इसके लिए सबसे अच्छा दिन है। कैप्टन और कोच ने मुझे प्रतिमा दिखाई। एक बार ऐसा भी था जब मुझे खुद पर शक हुआ। मुझे पहले कभी ऐसा अनुभव नहीं हुआ था, यह टूर्नामेंट मेरे लिए काफी कठिन रहा। मैं बस अपनी प्रक्रिया पर ध्यान दे रहा था और एक-एक मैच पर फोकस कर रहा था, लेकिन यह आसान नहीं था। मुझे अपनी टीम से बहुत प्यार है, क्योंकि सभी ने मेरा साथ दिया। पूरे साल मैं टीम के लिए अच्छा खेल रहा था, लेकिन इतने बड़े टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन नहीं कर पाया, इसलिए यह मेरे लिए मुश्किल समय था। टीम ने मुझ पर जो दिखाया, वह बहुत मायने रखता है। टूर्नामेंट के बीच में मैं भावुक हो गया था और कोच व कप्तान से बात करना चाहता था। उन्होंने कहा कि तुम ही हमें बड़ा मैच जिताओगे। कजिन बहन की याद में फाइनल खेला, उसी को समर्पित की विश्व कप जीत: ईशान किशन भारत के शुरुआती-बैलेबाज ईशान किशन ने टी-20 विश्व कप जीतने के बाद बताया कि फाइनल मैच से ठीक एक दिन पहले उनकी कजिन बहन की कार दुर्घटना में मौत हो गई थी। इसके बावजूद उन्होंने मैदान पर उतरकर मैच खेला और भारत की जीत को अपनी बहन को समर्पित किया। फाइनल के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में किशन ने कहा, 'सच कहूं तो मैच से एक दिन पहले मेरी कजिन बहन की कार दुर्घटना में मौत हो गई थी। मैंने यह मैच उसी की याद में खेला था। मैंने पंड्या भाई को शुभकामनाएं दीं और उन्होंने कहा कि टीम सबसे शानदार है। इसलिए मैं मैदान पर उतरा और यह जीत मैं अपनी बहन को समर्पित करता हूं।' उन्होंने यह भी कहा कि जिस डे फाइनल में उन्होंने इंटरनेशनल वुमन डे भी खेला था, इसलिए यह उनके लिए जीत और भी खास बन गया। सोच में आया बड़ा बदलाव किशन ने बताया कि हाल ही में उन्होंने अपने खेल को लेकर सोच बदल दी है। अब वह मुख्य अर्थशास्त्री के बजाय सिर्फ अपने काम पर ध्यान देते हैं। उन्होंने कहा, 'मैं अब भारी मात्रा में तरल पदार्थ छोड़ रहा हूं। केवल वह चीजें जो मेरे नियंत्रण में हैं। जो चीजें मेरे हाथ में नहीं हैं, उनके बारे में सोचा नहीं हूं। यही बात विराट भाई भी हमेशा करते रहते हैं।' ईशान- सूर्या का वर्ल्ड कप को लेकर फोन आया था किशन ने कप्तान सूर्यकुमार यादव के साथ हुई एक दिलचस्प बातचीत का भी ज़िक्र किया। उन्होंने बताया, 'जब सूर्या भाई का फोन आया तो मैंने उनसे बात की, क्योंकि मुझे लगा कि शायद वर्ल्ड कप लेकर आएगी।' उन्होंने पूछा- 'वर्ल्ड कप जीतेगा क्या?' मैंने कहा- 'आप भरोसेमंद होंगे क्या?' उन्होंने कहा- 'करूंगा.' फिर मैंने कहा -'तो ठीक है, मैं करा दूँगा।' सैंटनर बोले- भारत ने हमसे बिल्कुल अच्छा प्रदर्शन किया। न्यूजीलैंड के कप्तान मिशेल सैंटनर ने टी-20 वर्ल्ड कप 2026 के फाइनल में भारत से हार के बाद कहा कि उनकी टीम ने बेहतरीन खेल दिखाया। पोस्ट मैच प्रेजेंटेशन में सैंटनर ने कहा कि टीम ने पूरे टूर्नामेंट में कई बार अच्छा प्रदर्शन किया, लेकिन फाइनल में भारत सबसे बेहतर साबित हुआ। उन्होंने कहा, 'मेरी टीम को गर्व है कि हम यहां तक हैं। पूरे टूर्नामेंट में कई राक्षस रथ थे, लेकिन हर चरण में हमारी अच्छी बैटल गर्ल थी। आज हमें एक बेहतरीन टीम ने हराया। 'ब्लू कलर की भीड़ में भीड़ थी और भारत की स्वाभाविक रूप से घरेलू पसंदीदा टीम थी।' सैंटनर ने कहा कि घरेलू मैदान पर विश्व कप में दबाव भरा होता है, लेकिन भारतीय टीम ने इसे अच्छे से जब्त कर लिया। उन्होंने कहा, 'घरेलू वर्ल्ड कप चैंपियनशिप प्रेशर में है, लेकिन सूर्यकुमार यादव और उनकी टीम को इस जीत पर गर्व होना चाहिए।' अलग-अलग खिलाड़ियों ने अलग-अलग समय पर अच्छा प्रदर्शन किया।' Source link